Reading Class 5 Hindi Notes Veena Chapter 7 मेरा बचपन Mera Bachpan Summary in Hindi helps students understand the main plot quickly.
Mera Bachpan Class 5 Summary in Hindi
Mera Bachpan Class 5 Hindi Summary
मेरा बचपन का सारांश – Mera Bachpan Summary in Hindi
‘मेरा बचपन’ पाठ में लेखक प्रेमचंद अपने बचपन के दिनों को याद करते हैं। वे बताते हैं कि उन्हें अपना कच्चा टूटा घर, पयाल का बिछौना, नंगे बदन, नंगे पाँव खेतों में घूमना, आम के पेड़ों पर चढ़ना और सारा बचपन अब साफ-साफ याद है। वे अपने चचेरे भाई हलधर के साथ दूसरे गाँव में एक मौलवी साहब के यहाँ पढ़ने जाते थे और रामलीला का आनंद लेते थे। लेखक को रामलीला का मंचन बहुत आकर्षित करता था।
वे बताते हैं कि गुल्ली-डंडा उनके समय का सबसे प्रिय खेल था। उसके लिए किसी विशेष कपड़े या सामान की ज़रूरत नहीं होती थी। उन्होंने देखा कि आज बच्चे विदेशी खेलों की ओर झुक गए हैं और भारतीय खेलों को भूलते जा रहे हैं।

लेखक बताते हैं कि गुल्ली-डंडा में जो आनंद था, वह किसी भी आधुनिक खेल में नहीं है। उसमें अपनापन, दोस्ती, सादगी और खुशियाँ थीं। लेखक को गुल्ली-डंडा खेलने में जो आनंद आता था, वह आज के महँगे खिलौनों और खेलों में नहीं है।
अंत में वे कहते हैं कि उनके बचपन का वह स्वाद, वह सादगी और वह मिठास आज भी उनकी स्मृतियों में बसी हुई हैं।
यह पाठ हमें सादगी, आत्मनिर्भरता और भारतीय संस्कृति से जुड़ाव की शिक्षा देता है। लेखक बचपन के सरल, खुशहाल और संसाधनों से भरे अनुभवों को याद करते हैं। इससे हमें यह सीख मिलती है कि असली सुख महँगे साधनों में नहीं, बल्कि स्वाभाविक जीवन और आत्मीयता में होता है।

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मेरा बचपन शब्दार्थ
पृष्ठ 75
- पयाल-पुआल (अनाज की फसलों, जैसे- गेहूँ, धान या जौ के सूखे डंठल) ।
- जेठे – बड़े ।
- चबेना- भुना हुआ अनाज, जिसे चबाकर खाते हैं, भुना हुआ चना ।
- लीला – अभिनय (जैसे- रामलीला ) ।
पृष्ठ 76
- उत्साह-उमंग, हौसला।
- पेंशन – निवृत्ति वेतन (पूर्ण अवकाश प्राप्त होने पर दिया जाने वाला वेतन) ।
- जी लोट-पोट हो जाना – हँसते-हँसते बेहाल हो जाना बहुत जोर से हँसना।
- लॉन- घास का मैदान ।
- थापी-मुँगरी, पिटनी।
- टहनी – डाली ।
- विलायती – विदेशी ।
- ऐब- बुराई, दोष ।
- कौड़ी – समुद्री घोंघे का खोल या समुद्री सीप (इसे प्राचीनकाल में मुद्रा के रूप में भी इस्तेमाल किया जाता था)।
पृष्ठ 77
- बैसाखी – दिव्यांग लोगों के चलने के लिए एक प्रकार का डंडा ।
- लगन – ध्यान लगाना ।
- अभिमान – अहंकार, घमंड
- गुंजाइश – संभावना ।
- सुध – होश, याद ।