Reading Class 4 Hindi Notes Veena Chapter 9 मिठाइयों का सम्मेलन Mithaiyon Ka Sammelan Summary in Hindi helps students understand the main plot quickly.
Mithaiyon Ka Sammelan Class 4 Summary in Hindi
Mithaiyon Ka Sammelan Class 4 Hindi Summary
मिठाइयों का सम्मेलन का सारांश – Mithaiyon Ka Sammelan Summary in Hindi
इस कहानी में ‘श्री मनीष बाजपेयी’ ने बड़े ही सुंदर ढंग से मिठाइयों के सम्मेलन को प्रस्तुत किया है। इसमें दुकान के बंद होते ही इमरती, पेड़ा, बरफी, रसगुल्ला, रबड़ी इत्यादि मिठाइयों ने लड्डू दादा को अध्यक्ष बनाकर अपनी-अपनी बात रखी है। कुछ मिठाइयों को मजाक के माध्यम से भी उनके संवाद को दर्शाया है।
अंत में सभी का कहना है कि यदि मिठाई में से मिठास निकाल दी जाए तो मिठाई का महत्व कहाँ रह जाएगा। हाँ, इसके लिए लोगों को अपनी जीभ पर भी नियंत्रण करना होगा। क्योंकि किसी चीज की अति भी बुरी होती है। यदि हम अपने स्वास्थ्य को ध्यान में रखकर शारीरिक श्रम करते रहें तो रोग से बचे भी रह सकते हैं।

छगनलाल हलवाई के दुकान बंद करने पर सभी मिठाइयाँ एकत्र होकर सम्मेलन करती हैं। लड्डू दादा को अध्यक्ष बनाया जाता है। मिठाइयाँ चिंता जताती हैं कि आजकल डॉक्टर लोग मिठाइयाँ खाने से मना कर रहे हैं। सोनपापड़ी, जलेबी, बर्फी और मैसूरपाक इस पर बात करते हैं। रसगुल्ला और गुलाबजामुन बताते हैं कि अधिक मिठास के कारण लोग मिठाइयों से दूर हो रहे हैं।
गुझिया और रबड़ी जी भी कहते हैं कि जरूरत से ज्यादा मिठाई खाने से शरीर में शक्कर बढ़ जाती है, जिससे नुकसान होता है। अतिसेवन से हानि होती है, इसलिए मिठाइयों को भी खुद पर नियंत्रण रखना चाहिए | गुलाबजामुन समझाते हैं कि कम शक्कर में भी मिठास बनी रह सकती है। लड्डू दादा कहते हैं कि शुभ अवसरों पर मिठाइयाँ जरूरी हैं, बस हमें संतुलन बनाना चाहिए और इसी निर्णय के बाद सम्मेलन खत्म होता है।

मिठाइयों का सम्मेलन शब्दार्थ
अवसर – मौका।
अति – अत्यधिक ।
क्षति – नुकसान |
प्रथा – रिवाज ।
नियंत्रण – वश में।
श्रम – मेहनत ।
सम्मेलन – सभा या बैठक, जहाँ कई लोग मिलकर चर्चा करते हैं;
अध्यक्ष – सभा या बैठक का प्रमुख;
श्रोतागण – सुनने वाले लोग;
अति – बहुत अधिक मात्रा में;

उपेक्षा – ध्यान न देना या अनदेखी करना; सेवन- खाना या उपयोग करना ।
क्षति – नुकसान या हानि;
संयम – नियंत्रण या सीमित करना;
जीवनशैली – जीने का तरीका;
शारीरिक श्रम – शरीर से किया जाने वाला मेहनत का कार्य;
मिठास – मीठापन या मीठा स्वाद;
निष्कर्ष – किसी चर्चा या विचार का अंतिम नतीजा;
शुभ कार्य – अच्छे और पवित्र काम; जैसे- शादी, जन्मदिन आदि;
निर्णय – सोच-विचारकर लिया गया कोई फैसला;
समाप्ति – खत्म होना या समाप्त करना।